हिमालय प्रहरी

बकरी चोरी का जुर्माना लगा तो आरोपियों ने कर डाली मां बेटे की हत्या

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पश्चिमी सिंहभूमि जिले के गुदड़ी थाना क्षेत्र के नक्सल प्रभावित रोवाउली गांव में मां बुधनी भेंगरा (45) व पुत्र दोड़ेय भेंगरा (16) की हत्या का खुलासा मंगलवार को हो गया. पुलिस और सीआरपीएफ के अलावा झारखंड जगुआर जवानों की मदद से दो दिनों तक अभियान चलाकर जंगल से मां-बेटे की अधजली लाशें बरामद की हैं. दरअसल, बुधनी की बकरी चोरी के आरोप में गांव के चार युवकों पर ग्रामसभा ने जुर्माना लगाया था. इसे लेकर गुस्से में चारों युवकों ने मां-बेटे की हत्या की. वहीं दोनों के शवों को जंगल में ले जाकर आग लगा दी. चारों आरोपी गांव से फरार हैं. आरोपियों में तीन सगे भाई और एक ग्रामीण शामिल है.

एसपी ने बताया कि रोवाउली गांव में एक माह पहले बुधनी की बकरी चोरी हो गयी. बकरी चोरी का आरोप गांव के चार युवकों बराय बरजो (25), रामराय बरजो (24), बगा बरजो (22) और मंगल बरजो (20) पर लगा. रामय बरजो, बगा बरजो व मंगल बरजो तीनों भाई हैं. वहीं बराय बरजो गांव का युवक है. बुधनी ने इसकी शिकायत मुंडा से की थी. ग्रामसभा में चारों युवकों ने बकरी चोरी की बात स्वीकारी थी. ग्रामसभा ने आरोपियों को बकरी के बदले एक बकरी देने व 15 हजार नगद जुर्माना लगाया था. इस फैसले से चारों युवक उक्त महिला से नाराज थे. बदले की भावना से युवकों ने महिला बुधनी व उसके बेटे दौड़ेय की हत्या कर शवों को जंगल मे फेंक दिया.

हाड़ की तलहटी में फेंके गये थे शव
एसपी ने बताया कि आठ मार्च को सूचना मिली कि गुदड़ी थानांतर्गत लोढ़ाई ओपी के सुदूर ग्राम रोवाउली में मां-बेटे की हत्या की गयी है. गुदड़ी थाना प्रभारी व लोढ़ाई के ओपी प्रभारी ने सूचना के सत्यापन का काफी प्रयास किया, लेकिन गांव के किसी व्यक्ति ने कुछ नहीं बताया. मंगलवार को सीआरपीएफ-60 बटालियन, झारखंड जगुआर व जिला बल के सहयोग से सर्च किया गया, तो पहाड़ की तलहटी में दो शव बरामद हुए. दोनों शवों को बरामद करने के लिए पुलिस को दो दिनों तक मशक्कत करनी पड़ी.मां-बेटे की हत्या के बाद शव को पास के जंगल में सूखे पत्ते से ढंककर जलाने की कोशिश की गयी.

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