डेंटिस्ट के रूप में काम करने वाली मां को यह गवारा नहीं था कि उसकी मंदबुद्धि बच्ची जिंदा रहे। वह किसी भी हाल में पांच साल की अपनी बेटी से छुटकारा पाना चाहती थी। इसके लिए उसने अपने ही हाथों अपनी बेटी की हत्या कर दी। बच्ची को गोद में लिए वह अपार्टमेंट की बालकनी में टहल रही थी।
बच्ची को भी शायद पता था कि आज उसका आखिरी दिन है। वह दो बार मां के गले लगी, लेकिन मां की ममता नहीं जागी। तीसरी बार बच्ची गले लगती उससे पहले ही उसने उसे चौथे फ्लोर से नीचे फेंक दिया। मौके पर ही बच्ची की मौत हो गई। बेटी की हत्या के बाद महिला ने आत्महत्या की कोशिश की, लेकिन मरने की हिम्मत नहीं जुटा सकी। घटना बेंगलुरु के सिलिकॉन सिटी के संपंगी रामा नगर के एडविट अपार्टमेंट की है।
तीन महीने पहले छोड़ दिया था रेलवे स्टेशन पर
घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। बच्ची की हत्या के बाद महिला खुद रेलिंग पर खड़ी हुई, लेकिन कूदकर मरने की हिम्मत नहीं जुटा सकी। बच्ची का नाम दीथि था। महिला काफी समय से बेटी से छुटकारा पाने की कोशिश कर रही थी। वह तीन महीने पहले बच्ची को रेलवे स्टेशन पर छोड़कर चली आई थी। हालांकि पिता बच्ची को खोजने में कामयाब रहा और उसे फिर से घर ले आया। महिला का नाम सुषमा है। वह डेंटिस्ट है। मृतक बच्ची के पिता इंजीनियर हैं और TCS में काम करते हैं।