
राजू अनेजा, काशीपुर।काशीपुर के चर्चित कारोबारी और आरके फ्लोर मिल से जुड़े अनूप अग्रवाल की मुश्किलें अब बढ़ती नजर आ रही हैं। करोड़ों रुपये के बैंक ऋण घोटाले में आखिरकार पुलिस ने अनूप अग्रवाल, उनकी पत्नी रेनू अग्रवाल और पुत्र अमोल अग्रवाल के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कर लिया है। मामले के सामने आते ही कारोबारी जगत में हड़कंप मच गया है।
जानकारी के मुताबिक, डिजाइन सेंटर के पास स्थित उत्तराखंड राज्य सहकारी बैंक लिमिटेड के प्रबंधक की तहरीर पर यह कार्रवाई की गई। आरोप है कि मैसर्स आरके अग्रवाल इंडस्ट्रीज लिमिटेड ने वर्ष 2016 में कारोबार बढ़ाने के नाम पर करीब 12.50 करोड़ रुपये का भारी-भरकम ऋण लिया था, लेकिन बाद में बैंक को चूना लगाकर रकम हड़प ली गई। बैंक के अनुसार ब्याज सहित अब यह बकाया रकम करीब 14 करोड़ रुपये तक पहुंच चुकी है और खाता एनपीए घोषित हो चुका है।
बताया जा रहा है कि बैंक प्रबंधन ने वसूली के लिए सरफेसी एक्ट के तहत कई नोटिस जारी किए, लेकिन सभी नोटिस वापस लौट आए। जब बैंक अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर फैक्ट्री का निरीक्षण किया तो वहां ताले लटके मिले। फैक्ट्री परिसर पूरी तरह सुनसान था और बैंक में गिरवी रखा गया करोड़ों का स्टॉक भी गायब मिला। आसपास के लोगों ने अधिकारियों को बताया कि कंपनी संचालक लंबे समय से वहां दिखाई नहीं दिए और कथित तौर पर फरार हैं।
बैंक की ओर से पुलिस को दी गई शिकायत में गंभीर आरोप लगाए गए हैं कि आरोपियों ने बैंक में बंधक रखे गए स्टॉक को खुर्द-बुर्द कर दिया और ऋण की रकम का इस्तेमाल निजी कार्यों में किया। इतना ही नहीं, स्टॉक ऑडिट रिपोर्ट में भी प्रतिष्ठान में कोई माल मौजूद नहीं मिलने की पुष्टि हुई है, जिससे पूरे मामले ने और गंभीर रूप ले लिया है।
पुलिस ने बैंक प्रबंधक की तहरीर के आधार पर तीनों आरोपियों के खिलाफ आईपीसी की धारा 420 के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। माना जा रहा है कि जांच आगे बढ़ने के साथ कई और बड़े खुलासे हो सकते हैं। उधर, करोड़ों की इस कथित बैंक धोखाधड़ी को लेकर शहर के कारोबारी और बैंकिंग सेक्टर में चर्चाओं का बाजार भी गर्म हो गया है।