
खटीमा (ऊधमसिंह नगर)। बरिया मझोल स्थित एक निजी स्कूल में बच्चों में लगातार बढ़ रही मोबाइल और स्क्रीन की लत को छुड़ाने के उद्देश्य से आयोजित किया गया एक जागरूकता कार्यक्रम अचानक विवादों में घिर गया है। कार्यक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद जहा एकाएक हड़कंप मच गया, वहीं प्रशासन ने मामले की गंभीरता को देखते हुए शिक्षा विभाग को संबंधित स्कूल से लिखित स्पष्टीकरण मांगने के निर्देश दिए हैं। वायरल वीडियो में बड़ी कक्षाओं के छात्र-छात्राओं की आँखों में पट्टियां बंधी दिख रही हैं, जो खुद को डॉक्टर द्वारा आँखें निकाल लिए जाने का दावा कर रहे हैं। दृश्य को देखकर छोटे बच्चे काफी भावुक होकर रोते हुए नजर आ रहे हैं।
प्रशासन ने जताई आपत्ति, अभिभावकों ने स्कूल की पहल को बताया सकारात्मक
वीडियो वायरल होने के बाद जहा कुछ लोगों और प्रशासनिक अधिकारियों ने जागरूकता के इस तरीके को बच्चों के लिए डरावना और मानसिक रूप से प्रभावित करने वाला बताया, वहीं कई अभिभावक स्कूल प्रबंधन के समर्थन में उतर आए हैं। एसडीएम खटीमा तुषार सैनी ने कहा कि बच्चों को जागरूक करने का उद्देश्य सही हो सकता है, लेकिन तरीका भयभीत करने वाला नहीं होना चाहिए। दूसरी ओर, प्रधानाचार्य हेमा चुफाल और प्रबंधक जितेंद्र सिंह सहित कई अभिभावकों का कहना है कि लगातार मोबाइल देखने की आदत से परेशान माता-पिता की मांग पर ही यह सांकेतिक गतिविधि रखी गई थी। अभिभावकों का दावा है कि इस प्रयास के बाद बच्चों के व्यवहार में सकारात्मक सुधार आया है और वे स्क्रीन छोड़ खेलकूद की ओर आकर्षित हो रहे हैं।