
हरिद्वार। धर्मनगरी हरिद्वार के ज्वालापुर कोतवाली क्षेत्र से पवित्र पवित्र रिश्तों को कलंकित करने वाली एक घिनौनी और रोंगटे खड़े कर देने वाली वारदात सामने आई है। एक सौतेले पिता पर अपनी ही 16 वर्षीय नाबालिग बेटी के साथ लगातार दुष्कर्म करने का गंभीर आरोप लगा है। आरोपी के अनवरत शारीरिक शोषण से तंग आकर किशोरी परिजनों को बिना बताए घर छोड़कर हिमाचल प्रदेश स्थित अपनी बड़ी बहन के पास चली गई थी।
खुद को बचाने के लिए शातिर आरोपी पिता ने पुलिस में बेटी के अपहरण का झूठा मुकदमा दर्ज करवा दिया। हालांकि, पुलिस की मुस्तैदी से जब किशोरी बरामद हुई, तो उसके बयानों और मेडिकल जांच के आधार पर मामले का खौफनाक सच सामने आ गया। पुलिस ने आरोपी सौतेले पिता को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेज दिया है।
अपहरण का मुकदमा दर्ज करवाकर पुलिस को गुमराह करने की कोशिश
प्राप्त जानकारी के अनुसार, बीते दिनों ज्वालापुर क्षेत्र निवासी एक व्यक्ति ने कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई थी कि उसकी 16 वर्षीय नाबालिग पुत्री संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गई है और उसे कोई अज्ञात व्यक्ति बहला-फुसलाकर भगा ले गया है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ अपहरण की धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
हरिद्वार के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) नवनीत सिंह भुल्लर के निर्देश पर गठित पुलिस टीम ने संभावित ठिकानों पर तलाश शुरू की। सर्विलांस और सुरागों की मदद से पुलिस को जानकारी मिली कि किशोरी हिमाचल प्रदेश में अपनी शादीशुदा बड़ी बहन के घर पर मौजूद है। सूचना मिलते ही ज्वालापुर पुलिस की टीम तुरंत हिमाचल पहुंची और किशोरी को सकुशल बरामद कर लिया।
आपबीती सुन सन्न रह गई पुलिस, पिता की मृत्यु के बाद से कर रहा था प्रताड़ित
बरामदगी के बाद जब पुलिस ने किशोरी से पूछताछ की, तो उसने जो आपबीती सुनाई, उसे सुनकर पुलिस अधिकारी भी सन्न रह गए। पीड़िता ने बताया कि उसके जैविक पिता की मृत्यु के पश्चात उसकी मां ने आरोपी व्यक्ति से दूसरा विवाह किया था। इसके बाद से ही आरोपी सौतेला पिता लगातार उसके साथ दुष्कर्म (रेप) कर रहा था।
गंभीर शारीरिक और मानसिक उत्पीड़न से परेशान होकर वह किसी को कुछ बताए बिना चुपचाप अपने घर से निकलकर हिमाचल प्रदेश अपनी बड़ी बहन के पास शरण लेने चली गई थी।
POCSO और BNS की सख्त धाराओं में दर्ज हुआ मामला
मामले का खुलासा करते हुए ज्वालापुर के कोतवाली प्रभारी चंद्रभान सिंह ने बताया:
“किशोरी के लापता होने की शिकायत उसके सौतेले पिता ने ही दर्ज कराई थी। पुलिस टीम ने मुस्तैदी से कार्रवाई करते हुए किशोरी को हिमाचल प्रदेश से बरामद किया। पीड़िता के न्यायालय में दर्ज बयानों और मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर आरोपी सौतेले पिता को गिरफ्तार कर लिया गया है। मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 65(2) और लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण (POCSO) अधिनियम की धारा 5(1), 5(m), 5(n) तथा 6 की बढ़ोतरी करते हुए आगे की कड़ी विधिक कार्रवाई की जा रही है।”