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रुद्रपुर: विधायक की आईडी से ही ‘उड़ गया’ गैस सिलेंडर; एजेंसी का बड़ा फर्जीवाड़ा उजागर, बिना बुकिंग के हो रही थी कागजी डिलीवरी

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रुद्रपुर (29 मार्च 2026): ऊधमसिंह नगर जिले के मुख्यालय रुद्रपुर में गैस एजेंसी संचालकों के हौसले इतने बुलंद हैं कि उन्होंने भाजपा विधायक शिव अरोड़ा के परिवार के नाम पर भी फर्जीवाड़ा कर दिया। इस मामले के सामने आते ही तहसील प्रशासन और खाद्य विभाग में हड़कंप मच गया है।

1. विधायक खुद बने ‘फर्जीवाड़े’ के गवाह

  • मामला: विधायक शिव अरोड़ा की पत्नी सीमा अरोड़ा के नाम पर गैस कनेक्शन है। 18 मार्च को उनके मोबाइल पर गैस बुकिंग और उसी दिन सफल डिलीवरी का मैसेज आया, जबकि परिवार ने कोई बुकिंग ही नहीं की थी।

  • विधायक का बयान: शिव अरोड़ा ने आक्रोश जताते हुए कहा, “इससे बड़ा चमत्कार क्या होगा, विधायक के साथ ही धोखाधड़ी हो गई। जब मेरे घर की गैस बिना बुकिंग डिलीवर हो सकती है, तो आम आदमी का क्या हाल होगा? यह कालाबाजारी का सबसे बड़ा प्रमाण है।”

2. आम उपभोक्ताओं का फूटा गुस्सा

विधायक जब जांच के लिए एजेंसी पहुँचे, तो वहां पहले से ही दर्जनों उपभोक्ता इसी शिकायत के साथ मौजूद थे:

  • शिकायत: अशोक कुमार, राम किशोर, और आनंद कुमार जैसे कई उपभोक्ताओं ने बताया कि जब उन्होंने वास्तव में सिलेंडर बुक करना चाहा, तो सिस्टम ने ‘अगली तारीख’ उपलब्ध न होने की बात कही।

  • कालाबाजारी का तरीका: एजेंसी उपभोक्ताओं के नाम पर खुद ही पोर्टल पर बुकिंग डाल देती थी और सिलेंडर को ऊंचे दामों पर बाहर (होटल/ढाबों) बेच देती थी, जबकि उपभोक्ता को पता भी नहीं चलता था।

3. प्रशासन की कार्रवाई और विधायक की चेतावनी

विधायक की मौजूदगी में तहसीलदार दिनेश और खाद्य आपूर्ति निरीक्षक मलकित सिंह ने मौके पर पहुँचकर दस्तावेजों की जांच शुरू की।

  • लाइसेंस निलंबन की मांग: विधायक शिव अरोड़ा ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि ऐसी भ्रष्ट एजेंसी का लाइसेंस तुरंत निलंबित किया जाए और सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।

  • तहसीलदार का आश्वासन: तहसीलदार दिनेश कुटेला ने कहा कि जिलाधिकारी के निर्देशानुसार जांच की जा रही है। संलिप्त पाए जाने वाले कर्मचारियों और एजेंसी संचालक के खिलाफ कठोर कार्रवाई होगी।


Snapshot: रुद्रपुर गैस एजेंसी फर्जीवाड़ा 2026

मुख्य बिंदु विवरण
मुख्य शिकायतकर्ता शिव अरोड़ा (भाजपा विधायक, रुद्रपुर)
फर्जीवाड़े की तारीख 18 मार्च 2026
धोखाधड़ी का तरीका बिना उपभोक्ता की जानकारी के फर्जी बुकिंग और डिलीवरी दिखाना
प्रशासनिक टीम तहसीलदार और खाद्य आपूर्ति विभाग
संभावित कार्रवाई लाइसेंस रद्दीकरण और एफआईआर (FIR)

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