
टिहरी गढ़वाल: उत्तराखंड के टिहरी जिले के लंबगांव थाना क्षेत्र से ऑनर किलिंग (Honour Killing) और जातीय विद्वेष से जुड़ी एक रूह कंपा देने वाली विधिक घटना सामने आई है। यहाँ खोलगढ़ गांव में एक नाबालिग लड़की से मिलने गए देवल गांव निवासी दलित युवक केतन लाल की लड़की के परिजनों ने बंधक बनाकर बेरहमी से पीट-पीटकर हत्या कर दी। इस विधिक बर्बरता का शिकार हुए केतन के साथ गए उसके दोस्त दिवाकर डिमरी को भी मरणासन्न हालत में पीटा गया, जिससे उसका हाथ फ्रैक्चर हो गया। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने त्वरित विधिक कार्रवाई करते हुए अब तक मुख्य आरोपी पिता-पुत्र समेत चार लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
प्रेम प्रसंग के चलते बिछाया गया ‘मैसेज का जाल’; बंधक बनाकर दी तालिबानी सजा
प्राप्त जानकारी के अनुसार, देवल गांव के रहने वाले केतन लाल का खोलगढ़ गांव की एक नाबालिग लड़की के साथ प्रेम प्रसंग चल रहा था।
-
रात में बुलाया गया खोलगढ़: बीती 7-8 जून की रात लड़की के मोबाइल से आए एक संदेश (या कॉल) के बाद केतन अपने दोस्त दिवाकर डिमरी के साथ मोटरसाइकिल पर सवार होकर खोलगढ़ गांव पहुंचा। आशंका जताई जा रही है कि लड़की के पिता ने ही केतन को फंसाने के लिए मोबाइल से मैसेज किया था।
-
लड़की के सामने ही ढाया जुल्म: जैसे ही दोनों युवक वहां पहुंचे, लड़की के पिता यशवीर सिंह पंवार, उसके भाई और अन्य रिश्तेदारों ने उन्हें घेर लिया। आरोपियों ने कथित तौर पर जातिगत द्वेष की भावना के चलते दोनों को एक कमरे में बंधक बना लिया और लड़की के सामने ही लाठी-डंडों से उन पर जुल्म ढाना शुरू कर दिया।
मरने से पहले तड़पते हुए पानी मांग रहा था केतन, वीडियो वायरल
सुबह आरोपियों ने खुद ही केतन के पिता धनपाल लाल को फोन कर घटना की विधिक जानकारी दी। बदहवास परिजन तुरंत मौके पर पहुंचे और दोनों लहूलुहान युवकों को मुक्त कराकर अस्पताल ले गए। लेकिन चोटें इतनी गंभीर थीं कि उपचार के दौरान केतन लाल ने दम तोड़ दिया।
मौत से पहले केतन का एक अत्यंत विदारक वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आया है, जो लोगों के रोंगटे खड़े कर रहा है। वीडियो में केतन गंभीर हालत में तड़पते हुए पानी मांग रहा है और कह रहा है कि— “मैं मर जाऊंगा, मुझे बहुत गंदा मारा गया है…”। वहीं गंभीर रूप से घायल दूसरे युवक दिवाकर डिमरी का अस्पताल में विधिक उपचार चल रहा है और उसका बयान इस पूरे विधिक मामले में मुख्य साक्ष्य माना जा रहा है।
एसएसपी श्वेता चौबे की ताबड़तोड़ कार्रवाई; लगीं संगीन विधिक धाराएं
घटना के बाद केतन के पिता धनपाल लाल की लिखित तहरीर पर लंबगांव थाने में हत्या, बंधक बनाने, घातक हथियारों से हमला करने और अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (नृशंसता निवारण) अधिनियम यानी SC/ST Act की सुसंगत और गैर-जमानती विधिक धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
मामले की विधिक प्रगति की जानकारी देते हुए टिहरी की वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) श्वेता चौबे ने बताया:
“मामला बेहद संवेदनशील और गंभीर है। पुलिस ने शुरुआती जांच के आधार पर तुरंत कार्रवाई करते हुए पहले मुख्य आरोपी (लड़की के पिता और भाई) को गिरफ्तार किया था। अब विधिक दबिश देकर दो और सह-आरोपियों को सलाखों के पीछे भेज दिया गया है, जिससे कुल गिरफ्तारियों की संख्या 4 हो गई है। शव का पोस्टमार्टम विधिक पैनल द्वारा कराया गया है। मेडिकल रिपोर्ट और साक्ष्यों के आधार पर यदि इस विधिक अपराध में कुछ और लोगों की संलिप्तता पाई जाती है, तो उनके खिलाफ भी कठोर दंडात्मक कदम उठाए जाएंगे।”
— श्वेता चौबे, एसएसपी, टिहरी
इस नृशंस हत्याकांड के बाद से पूरे क्षेत्र के अनुसूचित जाति संगठन और स्थानीय ग्रामीणों में गहरा आक्रोश व्याप्त है। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रभावित गांवों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है और स्थानीय लोग आरोपियों को फास्ट ट्रैक कोर्ट के जरिए विधिक रूप से फांसी की सजा देने की मांग कर रहे हैं।
अपने मोबाइल पर ताज़ा अपडेट पाने के लिए -
👉 हमारे व्हाट्सएप ग्रुप को ज्वाइन करें