
कोटद्वार। उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में गुलदार (लेपर्ड) का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है। शुक्रवार तड़के जनपद पौड़ी गढ़वाल के रिखणीखाल थाने में उस समय हड़कंप मच गया, जब दो गुलदार एक साथ थाने के भीतर घुस आए। गनीमत यह रही कि गुलदार ने वहां मौजूद पुलिस कर्मियों पर हमला नहीं किया और सतर्कता के चलते बड़ा हादसा टल गया।
कुत्ते की आवाज सुन पहुंचे हेड कांस्टेबल, सामने दिखे दो गुलदार
घटना सुबह करीब पौने पांच बजे की है। रिखणीखाल थाने में तैनात हेड कांस्टेबल शंभू प्रसाद को कार्यालय के एक कक्ष से कुत्ते के कराहने की आवाज सुनाई दी। जब वे कमरे के भीतर पहुंचे तो सामने दो गुलदारों को देख उनके होश उड़ गए। शंभू प्रसाद ने तत्परता दिखाते हुए तेजी से शोर मचाया और कमरे से बाहर भागे, जिससे अन्य पुलिसकर्मी भी सतर्क हो गए। शोर सुनकर दोनों गुलदार कुत्ते को छोड़कर कमरे से बाहर निकले और बाजार की ओर भाग गए।
सीसीटीवी में कैद हुई घटना, एक दिन पहले मवेशी को बनाया था निवाला
घटना के बाद थाने में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई, जिससे स्पष्ट हुआ कि दोनों गुलदार एक कुत्ते का शिकार करने के लिए उसका पीछा करते हुए थाने के परिसर में घुसे थे। स्थानीय पुलिस कर्मियों ने बताया कि इससे पहले गुरुवार को भी गुलदार ने बाजार क्षेत्र में एक मवेशी को अपना निवाला बनाया था। आबादी वाले क्षेत्रों और सरकारी दफ्तरों तक गुलदार के पहुंचने से स्थानीय निवासियों और व्यापारियों में दहशत का माहौल है।