
लालकुआं (नैनीताल)। लालकुआं कोतवाली पुलिस ने क्षेत्र के आजाद नगर वार्ड नंबर 4 में एक बंद घर का ताला तोड़कर लाखों रुपये के आभूषण चुराने की घटना का सफल खुलासा किया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए शुक्रवार को दो सगे भाइयों को गिरफ्तार कर लिया और उनकी निशानदेही पर चोरी गया शत-प्रतिशत माल बरामद कर लिया है। गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय के आदेश पर न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है।
बेटी के घर गई थीं पीड़िता, सूने घर को बनाया निशाना
प्राप्त जानकारी के अनुसार, आजाद नगर वार्ड नंबर 4 निवासी मोहनी देवी पत्नी स्वर्गीय भीम सिंह परिहार ने पुलिस को तहरीर देकर बताया था कि गत 17 अक्टूबर को वह अपनी बेटी के घर गई हुई थीं। इसी दौरान अज्ञात चोरों ने उनके सूने मकान का ताला तोड़कर अंदर रखी अलमारी से सोने-चांदी के जेवर और नकदी चोरी कर ली।
अगले दिन सुबह जब स्थानीय लोगों ने घर का ताला टूटा देखा, तो उन्होंने मोहनी देवी को इसकी सूचना दी। घर लौटने पर उन्होंने सामान बिखरा हुआ और कीमती जेवर गायब पाए, जिसके बाद तत्काल लालकुआं कोतवाली में घटना की तहरीर दी गई।
सीसीटीवी फुटेज और सुरागरसी से पुलिस ने दबोचे आरोपी
घटना के खुलासे के लिए कोतवाली पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे तमाम सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया। कड़ियों को जोड़ते हुए पुलिस ने संदिग्धों की तलाश शुरू की और डोर्बी जंगल के पास से आजाद नगर वार्ड नंबर 4 निवासी दो सगे भाइयों—विशाल मंडल और उसके छोटे भाई विकास मंडल (पुत्रगण वीरेंद्र सिंह) को धर दबोचा।
पुलिस की कड़ी पूछताछ में दोनों भाइयों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। उनकी निशानदेही पर पुलिस ने चोरी किए गए दो सोने के मंगलसूत्र, दो कान के कुंडल और पांच चांदी के सिक्के बरामद किए, जिनकी कुल कीमत लगभग 2 लाख रुपये आंकी गई है।
शातिर चोर है मुख्य आरोपी विशाल मंडल, पहले से दर्ज हैं 7 मुकदमे
पुलिस के अनुसार, इस घटना का मुख्य आरोपी विशाल मंडल उर्फ चीमा शातिर किस्म का अपराधी है और उसका पुराना आपराधिक इतिहास रहा है। उसके खिलाफ लालकुआं सहित अन्य थानों में चोरी, आबकारी अधिनियम और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत कुल 7 मुकदमे दर्ज हैं। इसके अलावा आरोपी के विरुद्ध पूर्व में ‘गुंडा एक्ट’ के तहत भी निरोधक कार्रवाई की जा चुकी है।
सफल खुलासे में शामिल पुलिस टीम
इस सनसनीखेज चोरी की घटना का सफल अनावरण करने वाली पुलिस टीम में कोतवाल ब्रजमोहन राणा, वरिष्ठ उपनिरीक्षक दीपक बिष्ट, उपनिरीक्षक वंदना चौहान, कांस्टेबल आनंद पुरी, पूरन सिंह रायपा, उमेश गिरी और संजय कुमार शामिल रहे। क्षेत्रवासियों ने पुलिस की इस त्वरित और सराहनीय कार्रवाई की मुक्तकंठ से सराहना की है।