
देहरादून/मेरठ, 25 जून 2026: उत्तराखंड राज्य सरकार ने मानसून सीजन के दौरान संभावित प्राकृतिक आपदाओं, भारी बारिश और मार्ग अवरुद्ध होने की स्थिति को देखते हुए एक बड़ा जनहितैषी निर्णय लिया है। प्रदेश की सरकारी सस्ता गल्ला (राशन) की दुकानों पर आगामी जुलाई माह से उपभोक्ताओं को एक साथ तीन महीने (जुलाई, अगस्त और सितंबर) का खाद्यान्न (राशन) वितरित किया जाएगा। खाद्य नागरिक आपूर्ति विभाग इससे पूर्व अप्रैल महीने में भी तीन माह का राशन एक साथ बंटवा चुका है। इस बार खाद्यान्न के साथ प्रत्येक कार्ड धारक को निर्धारित शुल्क पर नमक भी अनिवार्य रूप से वितरित किया जाएगा।
मंडवे की जगह मिलेगा नमक; गुणवत्ता के लिए लैब टेस्ट का दावा
विभागीय योजना के अनुसार, पूर्व में जहां राशन के साथ पहाड़ी अनाज ‘मंडवे’ का वितरण किया गया था, वहीं इस बार प्रत्येक राशन कार्ड धारक को नमक पैकेट का वितरण किया जाएगा। पूर्व में सरकारी राशन की दुकानों से मिलने वाले नमक की गुणवत्ता को लेकर इंटरनेट मीडिया पर कई वीडियो प्रसारित हुए थे, जिस पर काफी विवाद और विधिक सवाल खड़े हुए थे। इस बार किसी भी तरह के विवाद से बचने के लिए विभाग ने विशेष तैयारी की है:
“खाद्य विभाग का स्पष्ट दावा है कि इस बार वितरित होने वाला नमक पूरी तरह शुद्ध और स्वास्थ्य मानकों के अनुकूल है। सभी जनपदों में नमक की शत-प्रतिशत लैब टेस्टिंग (प्रयोगशाला जांच) कराने के बाद ही उसे कोटेदारों के माध्यम से जनता तक पहुंचाया जा रहा है।”
गोदामों से ऐसे होगा उठान; विक्रेताओं को जगह की कमी से मिलेगी राहत
तीन महीने का राशन एक साथ बांटे जाने से जहां कार्ड धारकों को बार-बार दुकान के चक्कर काटने और भारी बारिश में घर से बाहर निकलने से मुक्ति मिलेगी, वहीं राशन डीलरों को भी सहूलियत होगी। हालांकि, राशन की दुकानें छोटी होने के कारण भंडारण की व्यावहारिक समस्या को देखते हुए विभाग ने उठान का एक नया विधिक व तकनीकी फॉर्मूला तैयार किया है:
-
चरणबद्ध उठान: विक्रेताओं को गोदाम से तीन महीने का खाद्यान्न एक साथ देने की बजाय, एक-एक माह का कोटा आवंटित किया जा रहा है।
-
वितरण के बाद अगला उठान: राशन विक्रेता अपनी दुकान से उपभोक्ताओं को एक साथ तीन महीने का राशन दे देंगे, और फिर दुकान खाली होने पर गोदाम से अगले कोटे का उठान कर सकेंगे। इससे दुकानों में जगह की कमी की समस्या आड़े नहीं आएगी।
1 जुलाई से शुरू हो जाएगा महा-वितरण: क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी
विभाग ने वितरण व्यवस्था को चाक-चौबंद बनाने के लिए सभी संभागीय खाद्य गोदामों में गेहूं, चावल और नमक की पर्याप्त विधिक आपूर्ति सुनिश्चित कर दी है। सरकारी सस्ता गल्ला विक्रेताओं को उनके कार्ड धारकों के वास्तविक अनुपात में ही राशन आवंटित किया जा रहा है। मामले की प्रशासनिक प्रगति स्पष्ट करते हुए क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी विभूति जुयाल ने बताया:
“एक माह का खाद्यान्न राज्य की सभी राशन की दुकानों में पहले ही सुरक्षित रूप से पहुँचाया जा चुका है और आगामी १ जुलाई २०२६ से तीन महीने के एकमुश्त खाद्यान्न का वितरण विधिवत रूप से प्रारंभ कर दिया जाएगा। इसके बाद आवश्यकता और वितरण की गति के अनुसार कोटेदार गोदामों से शेष राशन का उठान करते रहेंगे। इस बार कार्ड धारकों को वितरित किए जाने वाले नमक की खेप भी दुकानों तक पहुंच गई है। पूरी प्रक्रिया की पारदर्शी मॉनिटरिंग की जा रही है।”