सेंचुरी पेपर मिल में श्रमिक यूनियनों व प्रबंधन के बीच त्रैवार्षिक समझौता संपन्न

लालकुआं: सेंचुरी पेपर मिल की श्रमिक यूनियनों व प्रबंधन के बीच उपश्रमायुक्त की मध्यस्था में त्रिवार्षिक समझौता हो गया है। जिसके तहत कर्मचारियों को 20 प्रतिशत बोनस देने के साथ ही स्थाई, कैजुवल व ठेका कर्मियों को भी तमाम सुविधाओं को देने का निर्णय लिया है।
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सेंचुरी पेपर मिल व मिल की छह श्रमिक संगठनों के बीच त्रिवार्षिक समझौता संम्पन्न हो गया है। जिसमें कर्मचारियों की 20 फीसदी बोनस देने का निर्णय लिया गया। इसके अलावा त्रिवार्षिक समझौते में स्थायी श्रमिकों को 3115 रूपये वेतन में मासिक वृद्धि की गई है। जबकि आकस्मिक श्रमिक को 26 दिन पर 2246.40 रूपये बढोत्तरी की गई है। ठेकेदारी श्रमिकों को 1820 रुपये की बढ़ोतरी व पीएल देने का निर्णय लिया गया है। इसके अलावा मेडिकल स्थाई श्रमिकों का मेडिकल इंश्योरेंस पहले 70 हजार था जिसे बढ़ाकर एक लाख कर दिया गया है। साथ ही मिल के भीतर ड्यूटी के दौरान दुर्घटनावश स्थाई व आकस्मिक श्रमिक की मृत्यु होने पर उसके परिजनों को सात लाख रुपए की आर्थिक सहायता व उसके एक आश्रित को नौकरी देने पर सहमति बनी है।
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जबकि ठेका श्रमिक की मृत्यु होने पर उसके स्वजनों को छह लाख रुपए की आर्थिक सहायता व उसके किसी आश्रित को नौकरी दी जाएगी। वर्कर्स यूनियन के अध्यक्ष डीएन सुयाल व श्रमिक कल्याण संघ के अध्यक्ष अवनीश कुमार त्यागी समेत छह अन्य यूनियनों के पदाधिकारियों ने समझौते में हस्ताक्षर करते हुए इसे कर्मचारी हित में बताया है। मिल के सीईओ जेपी नारायण ने बताया कि डीएलसी की मध्यस्था में मिलके श्रमिक संगठनों के मध्य त्रैमासिक समझौता हो गया है। जिसमें श्रमिकों को हितों को ध्यान में रखा गया है। उन्होंने बताया कि मिलकर छह श्रम संगठनों ने ने सहमति जताई है।

