हाईटेक नकल गैंग का पर्दाफाश: सेफ्टी टैंक जैसे ‘अंडरग्राउंड चैंबर’ से चल रहा था खेल; ₹10 लाख में सौदा

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देहरादून: उत्तराखंड एसटीएफ (STF) ने सरकारी नौकरियों की परीक्षा में सेंध लगाने वाले एक बेहद हाईटेक गिरोह का भंडाफोड़ किया है। कर्मचारी चयन आयोग (SSC) द्वारा आयोजित MTS (मल्टी-टास्किंग स्टाफ) परीक्षा में रिमोट एक्सेस तकनीक के जरिए नकल कराने की साजिश को एसटीएफ ने नाकाम कर दिया।


🕵️ ऑपरेशन ‘महादेव डिजिटल जोन’: अंडरग्राउंड मिला ‘सर्वर रूम’

एसएसपी एसटीएफ नवनीत सिंह भुल्लर के नेतृत्व में उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश एसटीएफ की संयुक्त टीम ने देहरादून के ‘महादेव डिजिटल जोन’ परीक्षा केंद्र पर दबिश दी। वहां जो मिला उसने अधिकारियों को भी हैरान कर दिया:

  • खुफिया चैंबर: यूपीएस रूम के पास 24×24 इंच का एक अंडरग्राउंड चैंबर बनाया गया था। इसे ऊपर से ढक्कन लगाकर बिल्कुल सेफ्टी टैंक जैसा लुक दिया गया था ताकि किसी को शक न हो।

  • तकनीकी सेटअप: इस गुप्त चैंबर के अंदर 2 लैपटॉप और राउटर छिपाए गए थे। प्लास्टर उखाड़कर वहां डेडिकेटेड लीज लाइन और फर्जी सर्वर सेटअप बिछाया गया था।

  • रिमोट एक्सेस: सिस्टम में ‘रियल वीएनसी’ (Real VNC) और ‘वर्चुअल मशीन’ जैसे रिमोट एक्सेस एप्लिकेशन इंस्टॉल थे, जिनका इस्तेमाल परीक्षा हॉल के कंप्यूटरों को बाहर से कंट्रोल करने के लिए किया जा रहा था।

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💰 ₹10 लाख में पास कराने का ‘ठेका’

यह गिरोह अभ्यर्थियों को सरकारी नौकरी का लालच देकर उनसे मोटी रकम वसूल रहा था:

  • रेट कार्ड: प्रति अभ्यर्थी परीक्षा पास कराने के बदले 10 लाख रुपये की डिमांड की जाती थी।

  • साजिश: बाहर बैठे सॉल्वर रिमोट तकनीक से प्रश्नपत्र हल करने वाले थे।

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⚖️ गिरफ्तारी और बरामदगी

एसटीएफ ने गिरोह के दो सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार किया है:

  1. नीतिश कुमार: निवासी देवरिया (उ.प्र.), हाल निवासी दिल्ली।

  2. भास्कर नैथानी: निवासी नथुवावाला, देहरादून।

बरामद सामान:

  • 💻 02 लैपटॉप और 01 राउटर

  • 🔌 ईथरनेट केबल, यूएसबी एडॉप्टर और पीएनटी कनेक्टिंग बॉक्स

  • 📱 04 मोबाइल फोन


📝 कठोर धाराओं में मुकदमा

पुलिस महानिदेशक दीपम सेठ के निर्देशों पर आरोपियों के खिलाफ भर्ती परीक्षाओं में अनुचित साधनों की रोकथाम अधिनियम-2023 (उत्तराखंड का सख्त नकल विरोधी कानून), बीएनएस और आईटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस अब इस गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में उत्तर प्रदेश और दिल्ली में दबिश दे रही है।

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चेतावनी: उत्तराखंड में लागू नए नकल विरोधी कानून के तहत नकल करने और कराने वालों पर भारी जुर्माना और उम्रकैद तक की सजा का प्रावधान है।

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