कुमाऊं में गौला समेत अन्य नदियों में खनन बंद, एक लाख घनमीटर खनिज निकासी कम हुई
हल्द्वानी: मॉनसून सीजन के मद्देनजर कुमाऊं मंडल की नदियों से होने वाला खनन कारोबार आगामी सत्र तक के लिए बंद कर दिया गया है. इस वित्तीय वर्ष खनन सत्र में कुमाऊं मंडल की तीन नदियों से प्रदेश सरकार को 227 करोड़ 12 लाख 60 हजार रुपए के राजस्व की प्राप्ति हुई है. अब अगले 6 महीने तक इन नदियों में खनन से जुड़ा किसी तरह का काम नहीं होगा.

खनन से मिला 227 करोड़ का राजस्व: क्षेत्रीय प्रबंधक वन विकास निगम केएन भारती ने बताया कि मॉनसून सीजन के मद्देनजर इस वित्तीय वर्ष में 1 जून से खनन कार्य बंद कर दिया गया है. उन्होंने बताया कि कुमाऊं मंडल की गौला नदी, शारदा नदी और नंधौर नदी से खनन का कार्य किया जाता है. जहां तीनों नदियों से इस वित्तीय वर्ष में 47.92 लाख घन मीटर खनिज निकालने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था. इसके सापेक्ष 31 मई तक 46.15 लाख घन मीटर खनिज की निकासी की गई है. इससे प्रदेश सरकार को 227 करोड़ 12 लाख 60 हजार रुपए की राजस्व की प्राप्ति हुई है.
गौला के खनन से मिला सबसे ज्यादा राजस्व: इस वित्तीय वर्ष में सरकार द्वारा शारदा नदी से 2.65 लाख घन मीटर खनन निकासी का लक्ष्य रखा गया था. जहां से अभी तक 2.25 लाख घन मीटर खनन की निकासी हुई है. इससे 9 करोड़ 86 लाख रुपए के राजस्व की प्राप्ति हुई है. नंधौर नदी से 7.02 लाख घन मीटर खनन निकासी का लक्ष्य रखा गया था. इसके सापेक्ष में 7.01 लाख घन मीटर खनन निकासी हुई है. इससे 31 करोड़ 02 लाख के राजस्व की प्राप्ति हुई है. सबसे ज्यादा खनन राजस्व की प्राप्ति गौला नदी से हुई है. यहां इस वित्तीय वर्ष में 38.24 लाख घन मीटर खनन निकासी के लक्ष्य के सापेक्ष में 36.87 लाख घन मीटर खनन की निकासी हुई है. इससे सरकार को 186 करोड़ 23 लाख रुपए के राजस्व की प्राप्ति हुई है.
कोसी-दाबका नदी में खनन का लक्ष्य पूरा नहीं हो पाया। मानसून सीजन को देखते हुए नदी में खनन बंद कर दिया गया है। खनन से करीब बीस करोड़ का राजस्व वसूला गया है। वन विकास निगम के डीएलएम धीरेश सिंह बिष्ट ने बताया कि कोसी नदी में 631121 लाख घनमीटर और दाबका नदी में 167769 लाख घनमीटर का लक्ष्य था। खनन बंद होने तक कोसी में 274017 लाख और दाबका में 137158 लाख घनमीटर ही खनन हो पाया। राजस्व की बात करें तो कोसी नदी से 13,23,77000 रुपये राजस्व मिला जबकि दाबका नदी से 6,63,40000 रुपये राजस्व मिला।
क्षेत्रीय प्रबंधक वन विकास निगम ने बताया कि मॉनसून के मद्देनजर नदियों से होने वाला खनन कार्य बंद कर दिया गया है. आगामी वित्तीय वर्ष में शासन की मंजूरी के बाद नवंबर माह से फिर से खनन कार्य प्रारंभ होगा. उन्होंने बताया कि सरकार द्वारा दिए गए निर्धारित लक्ष्य के करीब खनन कार्य किया गया है. सरकार को भारी राजस्व की प्राप्ति हुई है.
जिलाधिकारी नैनीताल धीराज सिंह गर्ब्याल ने बुधवार को कैंप कार्यालय में जनता दरबार लगाया. दरबार में बड़ी संख्या में फरियादी अपनी फरियाद को लेकर आए. मौके पर ही अधिकारियों को मामलों को निपटाने के निर्देश दिए गए. मुख्य रूप से सड़क, बिजली, पानी, स्वास्थ्य प्रमाण पत्र, मुआवजा, आर्थिक सहायता संबंधित शिकायतें लोगों ने दर्ज कराईं.
जन समस्या के दौरान डीएम ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि फरियादियों की समस्या पर कार्रवाई तुरंत अमल में लाई जाए. इस दौरान आगामी मॉनसून सीजन को लेकर अधिकारियों के साथ बैठक लेते हुए सभी तैयारियों की चर्चा की. जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल ने कहा कि मॉनसून सीजन के मद्देनजर प्रशासन और पुलिस को पूरी तरह से अलर्ट पर किया गया है. मॉनसून आने वाला है. इसको लेकर सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं.
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