सांडों की लड़ाई बनी जानलेवा, 82 वर्षीय महिला की मौत; गोशाला निर्माण में देरी पर आक्रोश

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देहरादून: छावनी क्षेत्र के प्रेमनगर में निराश्रित पशुओं, खासकर सांडों, की समस्या अब जानलेवा साबित हो रही है। विंग नंबर-छह में दो सांडों की लड़ाई के बीच आने से 82 वर्षीय महिला महिंद्रा देवी की गंभीर चोटों के कारण मौत हो गई।


tragically दुखद घटना

 

  • मृतका: महिंद्रा देवी (82 वर्ष), निवासी विंग नंबर-पांच।

  • घटना का समय: बीते गुरुवार सुबह करीब 9:30 बजे।

  • स्थान: विंग नंबर-छह, एचडीएफसी बैंक के पास।

  • हादसा: सड़क से गुजरते समय दो सांडों की लड़ाई के दौरान, एक सांड ने अचानक महिंद्रा देवी को धक्का मार दिया। वह दीवार से टकराकर गंभीर रूप से घायल हो गईं।

  • परिणाम: उन्हें प्रेमनगर अस्पताल से हायर सेंटर (श्री महंत इंदिरेश अस्पताल) रेफर किया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

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🗣️ स्थानीय लोगों में आक्रोश और लापरवाही के आरोप

 

स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों ने इस घटना के लिए छावनी परिषद और सरकार की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया है।

  • निराश्रित पशुओं की समस्या: प्रेमनगर क्षेत्र में सांडों और गोवंश की संख्या लगातार बढ़ रही है, लेकिन प्रबंधन के लिए जिम्मेदार निष्क्रिय हैं।

  • कांजी हाउस बंद: पूर्व में विंग नंबर-छह में कैंट बोर्ड द्वारा संचालित कांजी हाउस था, जहाँ निराश्रित पशुओं को रखा जाता था। कांजी हाउस की जगह अब सब्जी मंडी बना दी गई है, जिससे यह समस्या अनियंत्रित हो गई है।

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🏗️ गोशाला निर्माण में देरी पर मांग

 

स्थानीय लोगों ने यह भी बताया कि प्रेमनगर स्वर्ग आश्रम के पास पिछले दो वर्षों से एक गोशाला का निर्माण कार्य चल रहा है, लेकिन विभागीय लापरवाही के कारण अभी तक अधूरा है। यदि यह गोशाला समय पर तैयार हो जाती तो दर्जनों निराश्रित पशुओं को सुरक्षित आश्रय मिल सकता था।

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पशु प्रेमी संगठन प्रेमनगर के अध्यक्ष अमित भाटिया (मोनू) ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से निम्नलिखित माँगें की हैं:

  1. अधूरी गोशाला का निर्माण अति शीघ्र पूरा कराया जाए।

  2. निराश्रित पशुओं की समस्या के समाधान पर तत्काल प्रभावी कदम उठाए जाएं।

  3. बाजार और आवासीय क्षेत्रों में लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।

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