उत्तराखंड : तो सिर्फ इसलिए 4 साल की बच्ची का अपहरण कर की निर्मम हत्या…चाचा-दादी, बुआ को आजीवन कारावास

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उत्तराखंड के इस इस शहर में चार साल पहले एक चार साल की मासूब बच्ची का अपहरण कर उसकी निर्मम हत्या कर दी थी। पुलिस जांच में कई चौंकाने वाले खुलासे भी हुए थे। चार साल पहल हुए इस जघन्य अपराध में कोर्ट ने फैसला सुनाया।

कोट ने बच्ची की हत्या मामले में चाचा, दादी, और बुआ को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।

खटीमा में परिवारिक कलह के चलते चार साल पहले आंगनबाड़ी केंद्र से अगवाकर बच्ची की हत्या के मामले में सोमवार को अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश मंजू सिंह मुंडे ने अहम फैसला सुनया। कोर्ट ने आरोपी दादी, चाचा और बुआ को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही तीनों पर 25-25 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया। एक नाबालिग आरोपी का मामला किशोर न्यायालय में विचाराधीन है।

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उमरुखुर्द इस्लामनगर निवासी इरफान की चार साल की बेटी रोशनी को 29 मार्च 2019 को मामा बनकर आए परिवार के एक किशोर ने आंगनबाड़ी केंद्र से अगवा कर चाचा रिजवान को सौंप दिया था। उसके बाद आरोपियों ने सुरई रेंज के जंगल में बच्ची की हत्या कर शव भिलैया गांव से सटे जंगल में फेंक दी थी। शिकायत के बाद जांच के दौरान हत्यारोपी की निशानदेही पर पुलिस ने शव बरामद किया था।

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पुलिस की जांच में रोशनी की हत्या में दादी समसीरन और बुआ खुशनुमा के नाम सामने आए थे। आरोपियों ने इरफान और उसकी पत्नी को सबक सिखाने के लिए वारदात को अंजाम दिया था। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता सौरभ ओझा ने 15 गवाहों को पेश किया था, जिसके बाद आरोपियों को सजा सुनाई गई।

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