पत्नी को पानी भरने भेजकर 60 वर्षीय बुजुर्ग किसान ने खुद को मारी गोली, अवैध तमंचे की जांच में जुटी पुलिस

खबर शेयर करें -

ओखलकांडा/हल्द्वानी: ओखलकांडा ब्लॉक के अंतर्गत नाथुवाखान (गड़गांव) क्षेत्र से गुरुवार सुबह एक बेहद दर्दनाक और चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहाँ 60 वर्षीय बुजुर्ग किसान मोहन सिंह ने कथित तौर पर एक अवैध तमंचे से खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। परिजनों से मिली जानकारी के अनुसार, मोहन सिंह पिछले काफी समय से गंभीर मानसिक तनाव से गुजर रहे थे। गुरुवार सुबह करीब 9 बजे उन्होंने एक सोची-समझी रणनीति के तहत अपनी पत्नी को पानी भरने के बहाने घर से बाहर भेज दिया। जैसे ही उनकी पत्नी घर से बाहर गईं, मोहन सिंह ने तुरंत कमरे का दरवाजा अंदर से बंद कर लिया और कमरे में अकेले होने पर अवैध तमंचे से अपनी कनपटी पर गोली दाग दी। गोली चलने की तेज आवाज पूरे इलाके में गूंज उठी, जिससे आसपास के क्षेत्र में हड़कंप मच गया।

यह भी पढ़ें 👉  पिथौरागढ़: एनएच पर घाट बैंड के पास भूस्खलन का खतरा, शाम 6 से सुबह 6 बजे तक यातायात पर लगा पूर्ण प्रतिबंध

धमाके की आवाज सुनकर परिजन और आसपास के ग्रामीण तुरंत मौके की ओर दौड़े और कमरे का दरवाजा खोलकर अंदर दाखिल हुए। कमरे के भीतर का दृश्य बेहद खौफनाक था, जहाँ मोहन सिंह खून से लथपथ हालत में जमीन पर पड़े हुए थे। ग्रामीणों और परिजनों ने बिना वक्त गंवाए उन्हें बेहद गंभीर हालत में तत्काल हल्द्वानी के सुशीला तिवारी अस्पताल पहुंचाया, लेकिन अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने गहन परीक्षण के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। बुजुर्ग किसान की इस असमय और खौफनाक मौत के बाद से उनके परिवार में कोहराम मचा हुआ है; वे अपने पीछे पत्नी और दो बेटों का रोता-बिलखता परिवार छोड़ गए हैं।

यह भी पढ़ें 👉  गृह कलेश से तंग आकर युवक ने खुद पर डीजल छिड़ककर लगाई आग, गंभीर रूप से झुलसा; एसटीएच हल्द्वानी में भर्ती

इधर, घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और वहां से महत्वपूर्ण साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर उसे पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस के अनुसार, शुरुआती जांच में यह पूरी तरह स्पष्ट हो चुका है कि आत्महत्या में इस्तेमाल किया गया हथियार अवैध था। वर्तमान में पुलिस इस पूरे मामले की दो मुख्य बिंदुओं पर केंद्रित होकर गहन जांच कर रही है; पहला यह कि मृतक मोहन सिंह इतने गंभीर मानसिक तनाव में क्यों थे, और दूसरा सबसे महत्वपूर्ण बिंदु यह कि उनके पास यह अवैध तमंचा आखिर कहाँ से और किसके माध्यम से आया था। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने और साक्ष्यों की कड़ियों को जोड़ने के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो पाएगी।

यह भी पढ़ें 👉  विश्वकर्मा जयंती पर भक्तिमय रहा नैनीताल आंचल दुग्ध संघ प्लांट परिसर, सुंदरकांड, हवन-यज्ञ और आरती से गूंजी दुग्धशाला
Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad