चेयरमैन की कुर्सी संभालने से पहले पांडे के दर पहुंचे अभिषेक, विकास का मांगा गुरुमंत्र

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चेयरमैन की कुर्सी

जीत के बाद पहली सियासी दस्तक, गढ़ीनेगी से गदरपुर तक चर्चाओं का बाजार गर्म

राजू अनेजा,गदरपुर/गढ़ीनेगी। गढ़ीनेगी नगर पंचायत के पहले चेयरमैन बने अभिषेक सुखीजा ने शपथ ग्रहण से पहले गदरपुर पहुंचकर पूर्व कैबिनेट मंत्री एवं भाजपा विधायक अरविंद पांडे का आशीर्वाद लिया। चुनावी जीत के बाद हुई इस मुलाकात ने राजनीतिक गलियारों में नई चर्चाओं को जन्म दे दिया है। जहां समर्थक इसे वरिष्ठ नेता से शिष्टाचार भेंट बता रहे हैं, वहीं सियासी जानकार इसके अलग-अलग मायने निकालने में जुट गए हैं।

जीत के बाद सीधे पांडे के दरबार में पहुंचे अभिषेक

नगर पंचायत चुनाव में निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में शानदार जीत दर्ज करने वाले अभिषेक सुखीजा ने गदरपुर पहुंचकर विधायक अरविंद पांडे से मुलाकात की। इस दौरान पांडे ने उन्हें मिठाई खिलाकर जीत की बधाई दी और नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं दीं। दोनों नेताओं के बीच काफी देर तक बातचीत हुई, जिसमें गढ़ीनेगी नगर पंचायत के विकास और जनता की अपेक्षाओं पर चर्चा हुई।

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विकास को लेकर लिया मार्गदर्शन

मुलाकात के दौरान अभिषेक सुखीजा ने गढ़ीनेगी को आदर्श नगर पंचायत बनाने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने क्षेत्र में सड़क, नाली, पेयजल, स्ट्रीट लाइट, सफाई और अन्य मूलभूत सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए मार्गदर्शन प्राप्त किया। नगर पंचायत बनने के बाद क्षेत्र में विकास की संभावनाओं और चुनौतियों पर भी चर्चा हुई।

मुलाकात के निकाले जा रहे सियासी मायने

राजनीतिक हलकों में इस मुलाकात को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। निर्दलीय चुनाव जीतकर आए अभिषेक सुखीजा का भाजपा के वरिष्ठ नेता और विधायक अरविंद पांडे से मिलना लोगों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है। हालांकि मुलाकात को शिष्टाचार भेंट बताया जा रहा है, लेकिन राजनीतिक गलियारों में इसे भविष्य की राजनीति के नजरिए से भी देखा जा रहा है।

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बढ़ा है अभिषेक का राजनीतिक कद

गढ़ीनेगी नगर पंचायत के पहले चेयरमैन का चुनाव जीतने के बाद अभिषेक सुखीजा का राजनीतिक कद पहले से कहीं अधिक बढ़ गया है। चुनाव परिणाम ने यह साबित कर दिया कि क्षेत्र में उनका जनाधार मजबूत है। यही कारण है कि अब उनकी हर गतिविधि और हर मुलाकात पर लोगों की नजर बनी हुई है।

जनता की उम्मीदों पर खरा उतरने की चुनौती

जीत के बाद अब अभिषेक सुखीजा के सामने सबसे बड़ी चुनौती जनता की उम्मीदों पर खरा उतरने की है। नगर पंचायत बनने के बाद गढ़ीनेगी के लोगों की अपेक्षाएं भी बढ़ गई हैं। क्षेत्रवासी चाहते हैं कि विकास कार्यों में तेजी आए और नगर पंचायत का लाभ सीधे आम जनता तक पहुंचे।

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गढ़ीनेगी की राजनीति में नई पटकथा की शुरुआत?

चुनावी जीत और उसके बाद हुई यह मुलाकात गढ़ीनेगी की राजनीति में नई पटकथा की शुरुआत मानी जा रही है। आने वाले दिनों में अभिषेक सुखीजा किस दिशा में आगे बढ़ते हैं और विकास के मोर्चे पर क्या कदम उठाते हैं, इस पर पूरे क्षेत्र की नजर रहेगी। फिलहाल इतना जरूर है कि जीत के बाद पांडे के दरबार तक पहुंची यह मुलाकात चर्चा का बड़ा विषय बन गई है।

 

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