बनबसा: 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर पहुंचे सीएम धामी; योग वेलनेस सेंटर के लिए ₹20 लाख तक की सरकारी सब्सिडी का किया ऐलान

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बनबसा (चंपावत), 21 जून 2026: १२वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के पावन अवसर पर चंपावत जिले के बनबसा मिनी स्पोर्ट्स स्टेडियम में भव्य मुख्य राज्यस्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस विशेष योग शिविर में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हजारों योग साधकों, स्थानीय जनता और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ सामूहिक योगाभ्यास किया। मुख्यमंत्री ने देवभूमि के नागरिकों से अपील की कि वे योग को केवल २१ जून तक सीमित न रखकर इसे अपने नियमित विधिक दिनचर्या का अनिवार्य हिस्सा बनाएं, क्योंकि स्वस्थ मन और चित्त से ही श्रेष्ठ राष्ट्र का निर्माण संभव है।

सबके साथ योग कर मिली नई ऊर्जा; प्राचीन सांस्कृतिक धरोहर है योग

सामूहिक योगाभ्यास के उपरांत जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि सुदूर सीमांत क्षेत्र बनबसा में सबके साथ योग करके उन्हें एक अद्भुत और नई ऊर्जा की विधिक अनुभूति हुई है। उन्होंने पिछले वर्षों के योग दिवस आयोजनों को याद करते हुए राज्य की सांस्कृतिक व भौगोलिक विविधिता को रेखांकित किया:

  • ऐतिहासिक आयोजन: पूर्व के वर्षों में हरिद्वार, जागेश्वर धाम, ऋषिकेश, और चीन सीमा से सटे आदि कैलाश में सेना के जवानों के साथ योग दिवस मनाया गया।

  • अंतरराष्ट्रीय सहभागिता: पिछले वर्ष ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में १० से अधिक देशों के सम्मानित राजदूतों (Ambassadors) ने प्रतिभाग कर वैश्विक संदेश दिया था।

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मुख्यमंत्री ने इस वर्ष के कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए सभी योग प्रशिक्षकों, साधकों और आयोजकों का विधिक रूप से आभार व्यक्त किया, जिनकी निष्ठा से योग का यह दिव्य संदेश जन-जन तक पहुंच रहा है।

पीएम मोदी की पहल से 190 देशों में गूंज रहा है भारतीय योग

योग के वैश्विक प्रभाव पर प्रकाश डालते हुए सीएम धामी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विधिक व कूटनीतिक प्रयासों की सराहना की:

“प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संयुक्त राष्ट्र संघ (UN) में २१ जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस मनाने का ऐतिहासिक विधिक प्रस्ताव रखा था, जिसे रिकॉर्ड १७७ देशों ने तत्काल अपनी लिखित स्वीकृति दी थी। यह हमारी ‘वसुधैव कुटुंबकम’ (विश्व ही हमारा परिवार है) की संस्कृति की जीत है कि आज वर्तमान में दुनिया के १९० से अधिक देशों में योग को जीवन शैली के रूप में अपनाया जा रहा है। योग ने जाति, पंथ और धर्म की सीमाओं को तोड़कर संपूर्ण विश्व में एकरूपता लाने का महान कार्य किया है।”

पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री

उत्तराखंड बनेगा वैश्विक योग वेलनेस राजधानी; वेलनेस सेंटरों को ₹20 लाख की सब्सिडी

राज्य सरकार की विधिक व नीतिगत प्राथमिकताओं को साझा करते हुए मुख्यमंत्री ने एक बड़ा प्रशासनिक ऐलान किया। उन्होंने बताया कि धामी सरकार उत्तराखंड को ‘योग और वेलनेस की वैश्विक राजधानी’ (Global Yoga & Wellness Capital) के रूप में विकसित करने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ धरातल पर काम कर रही है।

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पर्वतीय और मैदानी क्षेत्रों में रोजगार के नए अवसर पैदा करने और स्वास्थ्य इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने के लिए सरकार द्वारा योग वेलनेस सेंटर (Yoga Wellness Centers) स्थापित करने के लिए अधिकतम ₹२०,००,००० (बीस लाख रुपये) तक की भारी वित्तीय विधिक सब्सिडी प्रदान की जा रही है। इसका मुख्य उद्देश्य युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ना और वैश्विक पर्यटकों को राज्य की ओर आकर्षित करना है।

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युवाओं से योग को दिनचर्या बनाने और संकल्प लेने की विधिक अपील

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी बिगड़ती जीवनशैली, मानसिक तनाव और चंचल मन को नियंत्रित करने के लिए योग और प्राणायाम सबसे अचूक विधिक माध्यम हैं। देश और राज्य का भविष्य हमारे युवाओं के कंधों पर है; यदि हमारा युवा शारीरिक और मानसिक रूप से पूरी तरह स्वस्थ होगा, तभी हमारा राष्ट्र प्रगति के पथ पर आगे बढ़ सकेगा।

उन्होंने कार्यक्रम में उपस्थित सभी लोगों को जीवनभर योग करने और दूसरों को इसके प्रति जागरूक करने का विधिक संकल्प दिलाया। इस गरिमामयी और भव्य कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष आनंद सिंह अधिकारी, भाजपा जिलाध्यक्ष गोविंद सामंत, चंपावत के जिलाधिकारी (DM) मनीष कुमार सहित पुलिस व प्रशासन के तमाम वरिष्ठ अधिकारी और भारी संख्या में क्षेत्रवासी मुख्य रूप से मौजूद रहे।

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