बिंदुखत्ता को राजस्व गांव का दर्जा दिलाने के लिए भारी बारिश के बीच जनसंपर्क अभियान जारी; इंद्रानगर में भजन संध्या और नुक्कड़ नाटक का आयोजन
बिंदुखत्ता। बिंदुखत्ता को राजस्व गांव का दर्जा दिलाने की मांग को लेकर चलाया जा रहा घर-घर जनसंपर्क अभियान मंगलवार को चौथे दिन भी पूरी एकजुटता के साथ जारी रहा। मूसलाधार बारिश और खराब मौसम के बावजूद अभियान से जुड़े कार्यकर्ताओं और समर्थकों के हौसले पस्त नहीं हुए। समर्थकों ने पदयात्रा के माध्यम से क्षेत्र के विभिन्न हिस्सों में पहुंचकर घर-घर जनसंपर्क किया और ग्रामीणों को इस जनहितैषी मुहिम के उद्देश्यों से अवगत कराया। आयोजकों ने जोर देकर कहा कि राजस्व गांव का दर्जा मिलने से क्षेत्रवासियों को मूलभूत सरकारी सुविधाओं और जनकल्याणकारी योजनाओं का सीधा और बेहतर लाभ मिल सकेगा।
मां हाट कालिका मंदिर में रात्रि पड़ाव, वन अधिकार अधिनियम पर दी जाएगी जानकारी
चौथे दिन की पदयात्रा के समापन के बाद अभियान दल का रात्रि पड़ाव इंद्रानगर नंबर-2 स्थित मां हाट कालिका मैया मंदिर परिसर में तय किया गया है। यहाँ रात्रि 8 बजे से भजन संध्या, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और नुक्कड़ नाटक के माध्यम से जनजागरण किया जाएगा। इसके साथ ही उपस्थित ग्रामीणों को वन अधिकार अधिनियम से जुड़े उनके अधिकारों और कानूनी पहलुओं की महत्वपूर्ण जानकारी भी दी जाएगी। आयोजकों ने अधिक से अधिक संख्या में क्षेत्रवासियों से पहुंचकर कार्यक्रम को सफल बनाने का आह्वान किया है।
सैकड़ों ग्रामीणों की मौजूदगी, मांग पूरी होने तक जारी रहेगा आंदोलन
इस अभियान में अर्जुन नाथ गोस्वामी, उमेश भट्ट, भुवन भट्ट, बलवंत बिष्ट, खिलाफ सिंह दानू, इंद्र सिंह पनेरी, प्रकाश उत्तराखंडी, भरत नेगी, दीपक जोशी, महेश फूलारा, दीपक पाठक, भगवान धामी, दीपू पाण्डे और राधा दानू समेत सैकड़ों स्थानीय लोग उपस्थित रहे। अभियान से जुड़े प्रतिनिधियों ने स्पष्ट किया कि विपरीत परिस्थितियों के बावजूद जनसमर्थन जुटाने की यह कवायद आगे भी लगातार जारी रहेगी, ताकि शासन-प्रशासन तक बिंदुखत्ता के निवासियों की यह पुरानी और जायज मांग मजबूती के साथ पहुंच सके।
अपने मोबाइल पर ताज़ा अपडेट पाने के लिए -
👉 हमारे व्हाट्सएप ग्रुप को ज्वाइन करें


