प्रधानमंत्री के केदारनाथ दौरे के बाद उत्तराखंड में कांग्रेस और बीजेपी में छिड़ा ट्विटर वॉर

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देहरादूनः पीएम मोदी के केदारनाथ दौरे के बाद से ही उत्तराखंड कांग्रेस लगातार भाजपा पर निशाना साध रही है. वहीं, कांग्रेस पीएम मोदी के गर्भ से लाइव प्रसारण पर भी सवाल खड़े कर चुकी है. इस पर पूर्व सीएम हरीश रावत ने एक ट्वीट भी किया था, जिसमें उन्होंने कहा कि था कि केदारनाथ में पीएम मोदी हमारी परंपराओं और भावनाओं को रौंदकर चले गए.

हरीश रावत के ट्वीट पर बीजेपी लगातार पलटवा कर रही है. वहीं, बीजेपी हरीश रावत के एक नये ट्वीट पर भड़की हुई है. हरीश रावट के ट्वीट करते हुए लिखा था कि

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“हम आह भी भरते हैं, तो हो जाते हैं बदनाम. भाजपा कत्ल भी कर दे, कहते हैं चर्चा न हो. श्री @UKGaneshGodiyal जी उस समय जूते पहन कर मंदिर में गये, जब मंदिर का गर्भगृह लाशों से अटा पड़ा था, उनको बाहर निकालना सबसे पहली दैवीय प्राथमिकता थी.”

वहीं, इसके जवाब पर ही बीजेपी ने एक ही अंतराल पर तीन-तीन वीडियो जारी किए हैं, जिसमें गणेश गोदियाल को दिखाया गया है. बीजेपी ने लिखा कि

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“आदरणीय @harishrawatcmuk जी,बाबा केदारनाथ मंदिर के गर्भगृह में @UKGaneshGodiyal जी के द्वारा चमड़े के जूते पहना कर जाना अगर आपके लिए केवल एक “आह” समान है तो हमारी आपसे बस एक ही विनती है राजनीति विवश हिंदुओं की आस्था से खिलवाड़ मत कीजिए, जनता सब देख रही है.”

एक और दूसरे ट्वीट पर बीजेपी लिखती है कि

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श्री @harishrawatcmuk  जी, मंदिर के गर्भगृह के लाशों से पटे होने की बात  वीडियो से झूठ साबित होती है. गोदियाल जी के पाप के भागीदार मत बनिए. गर्भगृह में वहाँ पवित्र ज्योतिर्लिंग पर दिख रहे बेलपत्र इस बात का द्योतक है कि मंदिर में पूजा होनी शुरू हो गई थी.

आदरणीय  @harishrawatcmuk जी, बुरा मत मानिएगा लेकिन आप शायद भूलने लगे हैं या अपनी आदतानुसार विषय से भटकाने का प्रयत्न कर रहे हैं। आपको ध्यान दिला दें कि कमलनाथ जी द्वारा श्री केदारनाथ जी मंदिर के गर्भगृह की तस्वीरें 29 अक्टूबर 2021 को ट्वीट की गई थीं.

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वहीं, गणेश गोदियाल ने इस पर ट्वीट करते हुए कहा कि

“2013 केदारनाथ आपदा में आई प्रलय में हजारों लाशों के बीच जूते पहनना ऐसी परिस्थितियों की तुलना कतई उचित नहीं. उस समय जूते पहन कर मंदिर में गये, जब मंदिर का गर्भगृह लाशों से अटा पड़ा था, उनको बाहर निकालना सबसे पहली दैवीय प्राथमिकता थी”.