उत्तराखंड : आई फ्लू का कहर जारी, बच्चों में तेजी से बढ़ रहा आई फ्लू, शिक्षा विभाग ने जारी की गाइडलाइन

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स्कूली बच्चों में तेजी से आई फ्लू फैल रहा है। ऐसे में शिक्षा विभाग ने गाइडलाइन जारी करते हुए अभिभावकों से अपील की हैं कि ऐसे बच्चों को स्कूल न भेजें।

साथ ही, प्रार्थना सभा में शिक्षकों को निर्देश दिए हैं कि ऐसे बच्चों को अभिभावकों को बुलाकर वापस भेज दें। दो से तीन दिन में उपचार के बाद आई फ्लू ठीक हो जाता है।

बच्चों में तेजी से बढ़ रहा आई फ्लू

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निजी अस्पताल हो या सरकारी अस्पताल, इस समय नेत्र चिकित्सकों की ओपीडी में सबसे अधिक आई फ्लू के मरीज पहुंच रहे हैं।

आई फ्लू से पीड़ित बच्चों को ठीक न होने तक घर पर ही रहने की अपील

इस संबंध में मुख्य शिक्षा अधिकारी केके गुप्ता ने बताया कि अभिभावकों से अपील की गई है कि जिन बच्चों को आई फ्लू हो गया है, उनको दो-तीन दिन स्कूल न भेजें। प्रार्थना सभा में भी बच्चे इस बात का ध्यान रखें। आई फ्लू से बचाव ही उपचार है। इसलिए सबसे पहले बचा जाए।

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आई फ्लू के लक्षण

  • आंखें लाल होना, जलन होना
  • पलकों पर पीला और चिपचिपा तरल जमा होना
  • आंखों में चुभन और सूजन आना
  • आंखों में खुजली होना और पानी आना

बचाव के उपाय

  • संक्रमित व्यक्ति से हाथ न मिलाएं, न ही उनकी वस्तुओं को छुएं
  • हाथों को नियमित रूप से साबुन या सैनिटाइजर से साफ करते रहें।
  • आंखों की सफाई रखें और ठंडे पानी से बार-बार धोएं।
  • संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आने से बचें। भीड़ वाली जगहों से बचें।
  • आंखों को बार-बार हाथ नहीं लगाएं।
  • अगर संक्रमित आंख को छुए तो हाथ अच्छे से साफ करें।
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