मुनस्यारी में युवाओं पर चढ़ा स्कीइंग का खुमार, अनेक राज्यों से आए शौकीन

खबर शेयर करें -

पिथौरागढ़: मुनस्यारी में भारी बर्फबारी के चलते आम जनजीवन भले ही पटरी से उतर गया हो, लेकिन बर्फबारी का लोग जमकर फायदा भी उठा रहे हैं. हर साल बर्फबारी के बाद केएमवीएन (कुमाऊं मंडल विकास निगम) खलियाटॉप में स्नो स्कीइंग का आयोजन कराता है. हालांकि इस बार KMVN ने हाथ पीछे खींच लिये हैं, लेकिन जोहार क्लब ने अपने संसाधनों से स्कीइंग प्रशिक्षण जारी रखते हुए शासन-प्रशासन को आइना दिखाया है.

मुनस्यारी के खलियाटॉप में इस बार तीन से पांच फीट बर्फबारी हुई है. ऐसे में ये इलाका स्नो स्कीइंग के लिए बेहद मुफीद बन गया है. स्नो स्कीइंग को लेकर KMVN ने हाथ पीछे खींचे तो जोहार क्लब आगे आ गया. जोहार क्लब अपने सीमित संसाधनों से हिमनगरी में स्नो स्कीइंग करा रहा है. इससे मुनस्यारी में स्नो स्कीइंग का आनंद लेने पहुंचे पर्यटकों के चेहरे खिल उठे हैं.

यह भी पढ़ें 👉  पैतृक गांव करासमाफ़ी में जोशी परिवार ने किया पौधरोपण: जयंतेश्वर महादेव मंदिर परिसर में रोपे पौधे, पर्यावरण संरक्षण और जड़ों से जुड़ने का दिया संदेश

जोहार क्लब के इस कदम से ठप पड़े पर्यटन कारोबार और साहसिक खेल प्रशिक्षकों में भी उम्मीद की किरण जगी है. बता दें कि हिमनगरी मुनस्यारी पिथौरागढ़ जिले का प्रमुख पर्यटन स्थल है. यहां पर हिमालय की सुंदरता बेहद नजदीक से देखी जा सकती है. ट्रैकिंग, बर्ड वाचिंग, माउंटेन बाइकिंग और कैंप फायर के लिए बड़ी संख्या में पर्यटक यहां पहुंचते हैं.

यह भी पढ़ें 👉  उत्तराखंड में आफत की बारिश: दून, नैनीताल, चमोली और बागेश्वर में 'ऑरेंज अलर्ट', 12वीं तक के स्कूल बंद और कई नदियां उफान पर

इसके अलावा मुनस्यारी का खलियाटॉप और बेटुलीधार स्नो स्कीइंग के लिए मुफीद है. 10 दिनों तक चलने वाले इस स्कीइंग प्रशिक्षण में नए विद्यार्थियों को बेसिक कोर्स सिखाने के साथ ही राज्य के कोने-कोने से आये स्कीइंग के धुरंधर भी अपना जलवा बिखेरेंगे.

पंडित नैन सिंह माउंटनियरिंग संस्थान की तरफ से भी युवाओं को स्नो स्कीइंग का प्रशिक्षण दिया जा रहा है. संस्थान की ओएसडी रीना कौशल धर्मसक्तू ने बताया कि केरल, हरियाणा, दिल्ली, पंजाब, आंध्र प्रदेश और उत्तराखंड सहित 9 राज्यों के युवक-युवतियां स्नो स्कीइंग प्रशिक्षण में भाग ले रहीं हैं. इस दौरान युवाओं ने बेटुलीधार में स्नो स्कीइंग की बारीकियां सीखीं

यह भी पढ़ें 👉  बिंदुखत्ता को राजस्व ग्राम बनाने की मांग: 16वें दिन भी जारी रही पदयात्रा, 27 सितंबर की विशाल रैली के लिए ग्रामीणों से किया एकजुट होने का आह्वान
Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad