नेपाल हिंसा में उत्तराखंड की महिला की मौत, 48 घंटे बाद मिला शव

खबर शेयर करें -

काठमांडू/देहरादून: नेपाल में हुई हिंसक घटनाओं के बीच उत्तराखंड से जुड़ी एक दुखद खबर सामने आई है। देहरादून और गाजियाबाद के ट्रांसपोर्ट कारोबारी रामबीर सिंह गोला की पत्नी राजेश गोला (55) की काठमांडू में हिंसक घटना के दौरान मौत हो गई। रामबीर सिंह को अपनी पत्नी का शव 48 घंटे बाद नेपाली सेना से मिला।


 

पशुपतिनाथ दर्शन के बाद होटल में हुआ हादसा

 

यह भी पढ़ें 👉  500 मीटर गहरी खाई में गिरा सेना का वाहन; एक 'अग्निवीर' समेत दो जवान घायल, एयरलिफ्ट कर भेजा गया हायर सेंटर

गाजियाबाद निवासी यह दंपति 7 सितंबर को पशुपतिनाथ मंदिर के दर्शन के लिए काठमांडू पहुंचा था। दर्शन के बाद वे अपने होटल लौट आए थे। इसी दौरान, रात करीब 11:30 बजे उपद्रवियों ने होटल में आग लगा दी। आग और भगदड़ के बीच राजेश गोला होटल की चौथी मंजिल से गिर गईं, जिससे उनकी मौत हो गई।


 

पार्थिव शरीर को लाने के लिए 17 घंटे का सफर

 

यह भी पढ़ें 👉  काशीपुर के ‘50 तारे’ अंतरराष्ट्रीय मंच पर: उर्वशी की पहल से बदलेगी बेसहारा बच्चों की तकदीर

गुरुवार दोपहर नेपाली सेना ने राजेश गोला का शव उनके पति को सौंपा। रामबीर सिंह ने पहले एयर एंबुलेंस से पार्थिव शरीर को लाने की कोशिश की, लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके बाद उन्होंने खुद एक एंबुलेंस बुक की और भारतीय बॉर्डर के लिए रवाना हो गए। उन्हें काठमांडू से गाजियाबाद तक पहुँचने में करीब 17-18 घंटे का समय लग सकता है।

गाजियाबाद से उनके परिचित और ट्रांसपोर्ट कंपनी के कर्मचारी भी भारतीय-नेपाल सीमा पर पार्थिव शरीर को लेने के लिए पहुँच रहे हैं, जहाँ शव को दूसरी एंबुलेंस में शिफ्ट किया जाएगा। शुक्रवार सुबह तक पार्थिव शरीर गाजियाबाद पहुँचने की उम्मीद है।

यह भी पढ़ें 👉  हल्द्वानी: संघर्षों की कोख से उपजी सफलता; पिता ने मजदूरी कर पढ़ाया, बेटे शोभित ने 10वीं में हासिल किए 95.4% अंक